लघु कथा

                     " सपना "


सपने में खुद को अपनी सास के पैर दबाते देख मालती हडबडाकर उठ कर बैठ गयी। 

"क्या हुआ डार्लिंग, " पूछते हुए अभिनव ने टेबल लैंप ऑन किया ।

"कोई भयानक सपना था क्या " उसने प्यार से मालती के सर पर हाथ फेरते हुए प्रशन किया  । 

"हाँ" कहते हुए मालती फिर से सोने की कोशिश करने लगी। 

-चिन्मय उत्तम 
=x=x=x=x=x=x=x=




No comments:

Post a Comment